सात्विक बंधन ही सही अर्थ में रक्षा बंधन हैः श्रीश्री रविशंकर
रक्षाबंधन एक ऐसा बंधन है, जो आपको बचाता है। कुछ उच्चतम के साथ आपका बंधन होने की वजह से आप बच जाते हो। जीवन...
मलिकाइन के पाती- घर के लात नीमन, बाहर के सतावल बाउर
पावं लागीं मलिकार। एने तनी अझुरा गइनी हां मलिकार, लड़िकन के बर-बेमारी में, एही से टाइम पर पाती ना लिखवा पवनी। अब नन्हका ठीक...
इदिरा गांधी को टिकट देने के विरोध में जब एंटोनी ने सीएम पद छोड़ा
सुरेंद्र किशोर
इंदिरा गांधी को टिकट देने के फैसले के विरोध में केरल के मुख्यमंत्री रहे ए.के. एंटोनी ने अपने पद से इस्तीफ दे...
राजेंद्र माथुर मानते थे, लिखना बदलाव की जमीन तैयार करता है
मिथिलेश कुमार सिंह
पिछले कुछ दिनों से प्रभाष जोशी बनाम राजेंद्र माथुर पर बड़ी गंभीर चर्चा में अपने कुछ साथी मसरूफ हैं। किसी को...
संगीत शैलियों के विकास में तवायफों के कोठों का बड़ा योगदान रहा
ध्रुव गुप्त
संगीत शैलियों के विकास में तवायफों के कोठों का सबसे बड़ा योगदान था। तब कोठे देह व्यापार के नहीं, संगीत और तहजीब...
सरयू राय के बारे में जितना मैंने जाना-समझा, उसे आप भी जानें
सरयू राय, झारखंड के पूर्व मंत्री, इस बार विधानसभा चुनाव में भाजपा के उम्मीदवार और मुख्यमंत्री रघुवर दास को निर्दलीय प्रत्याशी बन कर हराने...
जननायक का जन्मदिनः कर्पूरी ठाकुर सही मायने में जननायक थे
जननायक कर्पूरी ठाकुर का आज जन्मदिन है। कर्पूरी ठाकुर सही मायने में जननायक थे। गरीबों-दलितों के उत्थान के लिए उन्होंने जो किया, वह नहीं...
दिल्ली में अब नहीं सुहाती मेट्रो की सवारी, पिछले साल के मुकाबले पांच लाख...
आठ माह पहले दिल्ली मेट्रो में लोगों की आवाजाही रवाँ-दवाँ चल रही थी, मगर बेतहाशा बढ़े किराये ने लोगों की रफ़्तार पर ब्रेक लगा दी। वजह, बसों के मुक़ाबले...
गांधी जी ने पत्रकार के रूप में भी कुछ अलग प्रयोग किये
शेष नारायण सिंह
गांधी जी को पत्रकार के रूप में तो पूरी दुनिया जानती है, उस विषय पर बातें भी बहुत हुई हैं। गांधी...
अंग्रेजी हुकूमत खत्म हो गयी, पर भारत उसी ढर्रे पर चलता रहा
हरे राम कात्यायन
अंग्रेजी हुकूमत खत्म हो गयी। भारत को अपने ढंगा से सजने-संवरने और अपने नियम-कानून से देश चलाने का अवसर मिल गया।...




















