शराब महज मादक पदार्थ नहीं, सरकारी रेवेन्यू का बड़ा स्रोत भी है
जयशंकर गुप्त
शराब और मादक पदार्थ देश के नागरिकों की तबाही के कारक हैं। अजीब विडंबना है कि यही आज सरकारी रेवेन्यू का बड़ा...
कोरोना की राजनीति और राजनीति का कोरोनाकरण
कोरोना बंदी के 62 दिन बाद भी न कोरोना थमा और न इस पर राजनीति। कोरोना जान लेने पर तुला है और राजनीतिकों को...
गिरिराज ने दी सलाह, अब तो तीर्थ यात्रा पर निकल जाएं मुख्यमंत्री नीतीश
Patna/ Begusarai : बिहार जदयू और राजद के बीच सीएम पद को लेकर जो खींचतान मचा है। उसपर भाजपा की भी पैनी नजर है।...
विनोद खन्ना कद-काठी से अमिताभ बच्चन पर भारी पड़ते थे
नवीन शर्मा
विनोद खन्ना अपने दौर के सबसे स्मार्ट और हैंडसम अभिनेता रहे हैं। अभिनय में भले ही अमिताभ उन पर भारी पड़ते हों,...
डॉ. भीमराव अम्बेडकर का ‘बहिष्कृत भारत’ और उनकी पत्रकारिता
कृपाशंकर चौबे
डॉ. भीमराव अम्बेडकर ने 3 अप्रैल 1927 को मराठी पाक्षिक ‘बहिष्कृत भारत’ निकाला। वह पाक्षिक वर्ष 1929 तक यानी दो साल तक...
मिसेज इंडिया यूनिवर्स में मिसेज हम्बल बनीं बिहार की सपना
पटना। बुरा वक्त तो सबका आता हैं। कोई बिखर जाता है, कोई निखर जाता है। वक्त सबको मिलता है जिंदगी बदलने के लिये। जिंदगी...
लाक डाउन में ‘वर्क एट होम’ भविष्य का सस्टेनेबल ग्लोबल कल्चर
हेमंत
लाक डाउन में ‘वर्क एट होम’ का नया ‘वायरस’ भविष्य में सस्टेनेबल ग्लोबल कल्चर के नाम से चर्चित होने वाला है। यूं तो...
कोसी त्रासदी की याद दिलाती फिल्म ‘लव यू दुलहिन’
पटना। 18 अगस्त 2008 को कोसी ने अपनी सीमाएं लांघ दी थीं और जो तस्वीर बदली वो इतिहास के काले पन्ने में समा गयी।...
पाहन ला देवहु दस रुपया, नहीं दिया तो जान पर आफत आ गयी
मंगलेश तिवारी मुफलिस
पाहन ला देवहु, दस रूपया। नहीं दिया तो जान पर आफत आ गयी। किसी तरह 50 रुपये दंड और 100 रुपये...
शक्ति चाहे किसी भी रूप में हो विवेकहीन होती हैः रवींद्रनाथ ठाकुर
शक्ति चाहे किसी भी रूप में हो विवेकहीन होती है। कविगुरु रवींद्रनाथ ठाकुर ने 12 अप्रैल 1919 को महात्मा गांधी को लिखे पत्र में...



















