राजेंद्र माथुर मानते थे, लिखना बदलाव की जमीन तैयार करता है

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मिथिलेश कुमार सिंह पिछले कुछ दिनों से प्रभाष जोशी बनाम राजेंद्र माथुर पर बड़ी गंभीर  चर्चा में अपने कुछ साथी मसरूफ हैं। किसी को...
डा. राम मनोहर लोहिया ने संदेश दिया- ‘‘बिजली की तरह कौंधो और सूरज की तरह स्थायी हो जाओ।’’ 1967 की गैर कांग्रेसी सरकारों को उन्होंने यही संदेश दिया था।

डा. राम मनोहर लोहिया का संदेश- ‘‘बिजली की तरह कौंधो

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सुरेंद्र किशोर डा. राम मनोहर लोहिया ने संदेश दिया- ‘‘बिजली की तरह कौंधो और सूरज की तरह स्थायी हो जाओ।’’ 1967 की गैर कांग्रेसी...

पैंसठ वर्षीय पिता ने प्रोफेसर पुत्र को लिखा पत्र, दी ऐसी सलाह 

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कलकत्ता यूनिवर्सिटी में प्रोफेसर रहे अमरनाथ ने अपने 65वें जन्मदिन पर बेटे के नाम पत्र लिखा है। बेटा हिमांशु भी प्रोफेसर हैं। पत्र में...

बर्थडे स्पेशलः हिस्ट्री में फेल, पर पीरियड फिल्मों में पास हुए गोवारिकर

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नवीन शर्मा  लगान फिल्म में  भुवन बने आमिर खान अधिकतर लोगों को जरूर याद होंगे। भले ही इस बेहतरीन फिल्म के डायरेक्टर आशुतोष गोवारिकर...
कोरोना के बाद अनुशासित और ईमानदार प्रशासन की पड़ेगी जरूरत होगी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भी मानते हैं कि आत्मनिर्भर बनने का वक्त आ गया है।

कोरोना काल की डायरी- हर सुबह न जाने डराती क्यों है !

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कोरोना काल डायरी- हर सुबह न जाने डराती क्यों है ! कोरोना काल में लाक डाउन को डायरी के पन्नों पर उतारा है वरिष्ठ...
हरिवंश, राज्यसभा के उपसभापति

हरिवंश जी ने जब खुशी-खुशी विदा किया प्रभात खबर से

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हरिबंश नारायण सिंह उर्फ पत्रकार से राज्यसभा के उपसभापति कर तक सफर करने वाले हरिवंश जी के बारे में इतना कुछ मित्रों ने लिखा...

शहर बदलते ही क्यों बदल जाती है हमारी तमीज और तहजीब

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नागेन्द्र प्रताप शहर या मुल्क बदलते ही हमारे तहजीब और तमीज बदल जाती है। ऐसा क्यों होता है, बता रहे हैं वरिष्ठ पत्रकार नागेंद्र...

दारू नहीं मिली तो शराबखोरी में बंद कैदी ने दम तोड़ दिया

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छपरा। छपरा मंडल कारा के विचाराधीन कैदी की मौत उपचार के दौरान सदर अस्पताल में हो गई। मृतक परसा  थाना क्षेत्र के परसौना  गांव निवासी रघुनाथ साह का 46 वर्षीय पुत्र...
हामिद अली खान उर्फ अजीत

देख तेरे संसार की हालत क्या हो गयी भगवान…गीत और हामिद

वीर विनोद छाबड़ा  देख तेरे संसार की हालत क्या हो गयी भगवान कितना बदल गया इंसान...! आपने 'नास्तिक' (1954) का ये गाना ज़रूर सुना...

जन्मदिन पर विशेष- अंकुर से गॉडमदर तक शबाना का शानदार सफर

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नवीन शर्मा शबाना आजमी हिंदी सिनेमा की सबसे बेहतरीन अभिनेत्रियों में से एक हैं। शबाना ने 1973 में निर्देशक श्याम बेनेगल की क्लासिक फिल्म...