नैना-नैना एल्बम में दिखेगी अनुष्का और सौरभ की रोमांटिक जोड़ी 

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पटना। बिहारी कलाकारों से सजी नैना-नैना एल्बम जल्द ही दर्शकों को झुमाती नजर आएगी। इस एल्बम के जरिये फिल्मी दुनिया में कदम रख रहे...
डॉ. अंबेडकर के संपादन में निकले पाक्षिक ‘समता’ में सावरकर के उस पक्ष को तरजीह दी गयी है, जिसमें उन्होंने रोटी-बेटी के संबंध का समर्थन किया है।

डॉ. अंबेडकर के पाक्षिक ‘समता’ में सावरकर के विचारों का समर्थन

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डॉ. अंबेडकर के संपादन में निकले पाक्षिक ‘समता’ में सावरकर के उस पक्ष को तरजीह दी गयी है, जिसमें उन्होंने रोटी-बेटी के संबंध का...
राहत पैकेज में कितनी राहत! लाक डाउन-3 के अंत समय में केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने 5.94 लाख करोड़ रुपये के राहत पैकेज-2 का ब्यौरा पेश किया। इसे विस्तार से समझा रहे वरिष्ठ पत्रकार श्याम किशोर चौबे

राहत पैकेज में कितनी राहत! समझने के लिए इसे पढ़ लीजिए

श्याम किशोर चौबे राहत पैकेज में कितनी राहत! लाक डाउन-3 के अंत समय में 13 मई को केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने 5.94...
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के आह्वान पर दीया जलाओ कार्यक्रम में जन-जन की हुई सहभागिता के जरिए इस देश के आम लोगों ने एक बार फिर एक बड़ा संकेत दे दिया है।

दीया जलाओ कार्यक्रम का बड़ा संकेत, जानने के लिए इसे पढ़ लें

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सुरेंद्र किशोर दीया जलाओ कार्यक्रम में जन-जन की हुई सहभागिता के जरिए इस देश के आम लोगों ने एक बार फिर एक बड़ा संकेत...
महात्मा गांधी राजनीतिक आजादी के बाद कांग्रेस को समाप्त कर देना चाहते थे। राजकाज के लिए नया संगठन चाहते थे।

महात्मा गांधी  आजादी के बाद कांग्रेस को समाप्त कर देना चाहते थे

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शेष नारायण सिंह महात्मा गांधी राजनीतिक आजादी के बाद कांग्रेस को समाप्त कर देना चाहते थे। राजकाज के लिए नया संगठन चाहते थे। राजनीतिक...

मलिकाइन के पाती- बेमन के बियाह कनपटी ले सेनुर

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पावं लागीं मलिकार। परब-तेउहार एने एतना पर गइल हा मलिकार कि रउरा जरी पाती पठावे में तनी देरी हो गइल। हम जानी ले कि...

मोतिहारी में पैदा हुए थे मशहूर विदेशी लेखक जार्ज ओरवेल

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21 जनवरी पुण्यतिथि पर विशेष नवीन शर्मा विश्व साहित्य में अंग्रेजी के प्रसिद्ध उपन्यास 1984 व एनिमल फार्म विशिष्ट स्थान रखते हैं। इन कालजयी किताबों...
देशबंधु के संपादक ललित सुरजन नहीं रहे। ललित सुरजन पत्रकारिता और सर्वोच्च इंसानी मान्यताओं के अजातशत्रु थे। ललित सुरजन जी  चले गए।

देशबंधु के संपादक ललित सुरजन नहीं रहे, एक अजात शत्रु का जाना

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शेष नारायण सिंह देशबंधु के संपादक ललित सुरजन नहीं रहे। ललित सुरजन पत्रकारिता और सर्वोच्च इंसानी मान्यताओं के अजातशत्रु थे। वे पत्रकारिता के अजातशत्रु...

ग्रामीण संपर्क पथों को शहरों से जोड़ बिहार में विकास की नई कवायद

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प्लास्टिक के कचरे का उपयोग सड़क निर्माण में किया जा रहा है प्लास्टिक के उपयोग से सड़क में मजबूती भी आ रही है ...

संपूर्ण क्रांति की याद दिलाता इंदिरा गांधी का आपातकाल

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आपातकाल जिन परिस्थितियों में लगा या इंदिरा गांधी ने लगाया, उसकी बड़ी वजह जयप्रकाश नारायण की अगुआई में छिड़ा छात्र आंदोलन था। उस आंदोलन...