शून्य की ओर बढ़ते बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार
वैसे राजनीति में किसी के बारे में अगर कह दिया जाए की फलां शून्य की ओर बढ़ रहा है तो लोग अनायास ही उसके...
झारखंड में तेजी से विकसित हो रही है नयी शैली की बैद्यनाथ पेंटिंग
डॉ आरके नीरद वरिष्ठ पत्रकार अौर जनजातीय जीवन-संस्कृति के गहरे जानकार हैं। झारखंड की कला-संस्कृति पर प्रायः ढाई दशकों से काम कर रहे हैं।...
राजमहल की पहाड़ियों में सबसे पहले जन्म हुआ था मानव का
दुमका। पुरातत्त्वविद् पंडित अनूप कुमार वाजपेयी द्वारा लिखित विश्व की प्राचीनतम सभ्यता नामक शोध पुस्तक का दुमका के जनसम्पर्क विभाग सभागार में प्रयास फाउंडेशन फार टोटल डेवलपमेंट...
नीतीश की चुप्पी किसी बड़े तूफान का संकेत तो नहीं
नीरज सिंह
पटना। बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार हफ्ते भर से चुप हैं। आधिकारिक तौर पर यही एक लाइन की सूचना छन कर बाहर आयी...
साहित्यकारों में आपसी सौहार्द का प्रतीक है, अज्ञेय व रेणु का संबंध
साहित्यकारों में आपसी सौहार्द्र का प्रतीक है, अज्ञेय और रेणु का यह संबंध। फणीश्वर नाथ रेणु के प्रति अज्ञेय के मन में काफी सम्मान...
आपातकाल में जार्ज महज कूद-फांद कर रहे थे
आपातकाल के दरम्यान जार्ज फ़र्नान्डिस की गतिविधि का कोई अर्थ नहीं था। जैसे कोई युवा बगैर आगे-पीछे सोचे ‘थ्रील’ महसूस करने के लिए कुद-फाँद...
और अविनाश जी की हो गई विदाई, अश्क को मिली पटना की कमान
वरिष्ठ पत्रकार ओमप्रकाश अश्क का पटना आगमन 1997 के मध्य में हुआ और अगले पड़ाव की ओर वह जून 1999 में प्रस्थान कर गये।...
पुलिस से पुलिस मंत्री तक बने थे स्वतंत्रता सेनानी रामानंद तिवारी
सुरेंद्र किशोर
पुलिस से पुलिस मंत्री बने थे रामानंद तिवारी। स्वतंत्रता सेनानी व समाजवादी नेता दिवंगत रामानंद तिवारी के बारे में नयी पीढ़ी शायद...
दो मजदूरों की जान जाने के बाद भी नहीं खुली हनुमान चीनी मिल
बिहार के 89% लोग गाँव में रहते हैं और 70% लोग कृषि के कमाई पर ही निर्भर हैं। उपजाऊ मिट्टी और भरपूर पानी होने...
गांव छोड़ब नहीं, जंगल छोड़ब नहीं, मायं माटी छोड़ब नहीं..
गांव छोड़ब नहीं, जंगल छोड़ब नहीं, मायं माटी छोड़ब नहीं...कोरोना डायरी की आठवीं कड़ी में हम उस संकल्प की बात करेंगे, जिसका मूल स्वर...




















