सिन्हा लाइब्रेरी वाले सच्चिदानंद सिन्हा का नाम क्या आपने सुना है ?
प्रेमकुमार मणि
पटना के सिन्हा लाइब्रेरी वाले सच्चिदानंद सिन्हा का नाम क्या आपने सुना है ? मुझे बिहार की कुछ चुनिंदा विभूतियों के प्रति...
अंग्रेजी अर्थव्यवस्था को तबाह करने वाले थे महेंद्र मिसिर
अनूप नारायण सिंह
पटना। अंग्रेजी अर्थव्यवस्था को तबाह करने वाले थे छपरा के महेंद्र मिसिर। उनका जीवन किसी बेहतरीन कहानी की तरह है। एक...
भोजपुरी गीतों को नया आयाम दे रही है भोजपुर की बेटी बेबी काजल
पटना। बिहार के भोजपुर जिले के आरा की माटी से ताल्लुक रखने वाली बेबी काजल भोजपुरी की एक ऐसी गायिका के तौर पर अब...
अरुण कमल गहरे अर्थ में प्रतिबद्ध कवि, बेहतर जीवन की आकुलता
कृपाशंकर चौबे
अरुण कमल गहरे अर्थ में प्रतिबद्ध कवि हैं और उनकी प्रतिबद्धता की जड़ें ठेठ भारतीय आबोहवा और जमीन में हैं। जो सामने...
महाराणा प्रताप ने घास की रोटी खाई, पर अकबर की अधीनता कबूल नहीं की….पुण्यतिथि...
मध्यकाल के इतिहास लेखन के बारे में नेहरू युग के कम्युनिस्ट इतिहासकारों ने नये इतिहास लेखकों को यह निदेश दिया था कि महाराणा प्रताप...
भारत-पाकिस्तान यूद्ध के 50 साल, विजय दिवस की जय गाथा
लोकनाथ तिवारी
भारत-पाकिस्तान युद्ध के 50 साल बीत गये। आखिरकार भारत जीता। पाकिस्तान हारा। पाकिस्तान की सेना ने सरेंडर कर दिया। इंदिरा गांधी को...
तेरह वर्ष की उम्र में हुआ था गांधी जी और कस्तूरबा का विवाह
राज्यवर्द्धन
तेरह वर्ष की आयु में गांधी जी का ब्याह कस्तूरबा से हुआ था। गांधी जी लिखते हैं-"हम भाइयों को तो सिर्फ तैयारियों से...
हरिवंश की जीत को राजग की 2019 में कामयाबी का ट्रेलर समझें
दीपक कुमार
विपक्षी दलों के नेता जब एक जगह जमा होकर अपनी एकजुटता की बात करते हैं तो उन्हें भले आनंद आता हो, पर...
IMF की रिपोर्ट ने भारत के लिए जगाई उम्मीद की किरण
संजय पाठक
IMF की रिपोर्ट ने भारत के लिए उम्केमीद की किरण जगाई है। वैसे किरण अभी धुंधली है, लेकिन आने वाले समय में...
इतिहास के आईने में बिहारः सुगांव डायनेस्टी और विद्यापति
लेखक-पत्रकार संजय ठाकुर की अप्रकाशित इतिहास की पुस्तक- विद्यापति और सुगांव (अतीत के आईने में चम्पारण) का एक अंश
पूर्वी चम्पारण जिला के सुगौली प्रखंड के ...




















