रामदेव शुक्ल व्याख्यात्मक आलोचना के अंतिम स्तंभ हैं। ‘बिहारी- सतसई का पुनर्पाठ’ उनकी नवीनतम प्रकाशित आलोचना-कृति है। वे अच्छे कथाकार भी हैं।

रामदेव शुक्लः व्याख्यात्मक आलोचना के अंतिम स्तंभ

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रामदेव शुक्ल व्याख्यात्मक आलोचना के अंतिम स्तंभ हैं। ‘बिहारी- सतसई का पुनर्पाठ’ उनकी नवीनतम प्रकाशित आलोचना-कृति है। वे अच्छे कथाकार भी हैं। ‘बिहारी- सतसई...
महेंदर मिसिर

अंग्रेजी अर्थव्यवस्था को तबाह करने वाले थे महेंद्र मिसिर

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अनूप नारायण सिंह पटना। अंग्रेजी अर्थव्यवस्था को तबाह करने वाले थे छपरा के महेंद्र मिसिर। उनका जीवन किसी बेहतरीन कहानी की तरह है। एक...
जयपाल सिंह मुंडा को भारतीय जनजातियों और झारखंड आंदोलन की पहली ईंट और आदिवासी नायकों के तौर पर देखा जाता है। उन्हें मरङ गोमके के तौर पर जाना जाता है।

जयपाल सिंह मुंडा के बारे में जानें, आदिवासी नायकों की मजबूत कड़ी थे

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विशद कुमार जयपाल सिंह मुंडा को भारतीय जनजातियों और झारखंड आंदोलन की पहली ईंट और आदिवासी नायकों के तौर पर देखा जाता है। उन्हें...
आर्थिक उदारीकरण ने बाजार को विस्तार दिया तो इस विस्तार ने मीडिया हाउसों की ऊंची उड़ान के लिए आसमान खोल दिया। स्थानीय संस्करण शुरू हुए।

मीडिया हाउस प्रधानमंत्री की अपील के बाद भी संवेदना नहीं दिखा रहे !

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जरूरी संसाधन तक नहीं दिए रिपोर्टर-कैमरामैन को ट्रांसफर कर नौकरी छोड़ने का बना रहे हैं ये दबाव मीडिया हाउस प्रधानमंत्री की अपील के बाद...

मलिकाइन के आइल पातीः का बरखा जब कृषि सुखानी

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पावं लागीं मलिकार। राउर पाती के बाट जोहत आंख सिरा गइल। अइसन जनि करीं, मलिकार। रउरा त जनबे करीले कि सूतत-उठत रउरे चेहरा दिमाग में...

राजस्थान में चुनावी हवा का रुख भांपना ज्यादा आसान है

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बब्बन सिंह विधानसभा के होने वाले चुनाव में राजस्थान में हवा का रुख भांपना ज्यादा आसान है। राजस्थान में वसुंधरा सरकार के कई मंत्री...
हिन्दी के लिए लड़ने वाला सबसे बड़ा योद्धा : महात्मा गाँधी

हिन्दी के लिए लड़ने वाला सबसे बड़ा योद्धा : महात्मा गाँधी

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2 अक्टूबर को जन्मदिन पर विशेष अमरनाथ हिन्दी के आन्दोलन को गाँधी जी ने आजादी के आन्दोलन से जोड़ दिया था। उनका ख्याल था कि...
वसंत पंचमी  के दिन  सरस्वती पूजा का विधान भारत की प्राचीन परम्परा है। लेकिन पूजा का तात्पर्य जाने बिना भारत के लोग पूजा किए जाते हैं।

सरस्वती पूजा बसंत पंचमी पर, जानिए सरस्वती कौन हैं और क्या हैं? 

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भारत यायावर  सरस्वती पूजा का वसंत पंचमी  के दिन विधान भारत की प्राचीन परम्परा है। लेकिन सरस्वती पूजा का तात्पर्य जाने बिना भारत के लोग...
नरेंद्र मोदी (फाइल फोटो)

नरेंद्र मोदी से कुछ लोगों को इतना भय क्यों लगता है, इसे जानिए

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नरेंद्र मोदी से कुछ लोगों को भय क्यों लगता है। क्यों कुछ लोग इस बात के लिए परेशान हैं कि मोदी 2024 में फिर...
श्रीभगवान सिंह, गाँधीवादी आलोचक का जन्म बिहार के एक गाँव निखती कलाँ, जिला- सीवान में हुआ। वे खुद को गाँधीवादी कहने में गर्व का अनुभव करते हैं।

श्रीभगवान सिंहः गाँधीवादी अध्येता और आलोचक

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अमरनाथ श्रीभगवान सिंह, गाँधीवादी आलोचक का जन्म बिहार के सीवान जिले के निखती कलाँ गांव में हुआ। वे खुद को गाँधीवादी कहने में गर्व...