अच्युतानंद मिश्र का हिन्दी पत्रकारिता में अवदान असाधारण है
कृपाशंकर चौबे
अच्युतानंद मिश्र का हिंदी पत्रकारिता में पिछले पांच दशकों का अवदान असाधारण है। इस दौरान हिन्दी पत्रकारिता में उनकी धाक और साख...
तू ही सागर है तू ही किनारा… यानी सुलक्षणा पंडित, इक भूली दास्तां
वीर विनोद छाबड़ा
तू ही सागर है तू ही किनारा, ढूँढता है तू किसका सहारा...संकल्प (1975) के इस गाने की गायिका सुलक्षणा पंडित थीं।...
जयपाल सिंह मुंडा के बारे में जानें, आदिवासी नायकों की मजबूत कड़ी थे
विशद कुमार
जयपाल सिंह मुंडा को भारतीय जनजातियों और झारखंड आंदोलन की पहली ईंट और आदिवासी नायकों के तौर पर देखा जाता है। उन्हें...
जननायक का जन्मदिनः कर्पूरी ठाकुर सही मायने में जननायक थे
जननायक कर्पूरी ठाकुर का आज जन्मदिन है। कर्पूरी ठाकुर सही मायने में जननायक थे। गरीबों-दलितों के उत्थान के लिए उन्होंने जो किया, वह नहीं...
मारीशस के लोग मानते हैं- भोजपुरी हिंदी की माता है
राजेश श्रीवास्तव
मॉरीशस में हुए मेरे दोनों व्याख्यानों में मैंने रामकथा को गलत तरह से प्रचारित किये जाने का विरोध किया। संसार के बहुत ...
10 महीनों में 1.2 करोड़ नौकरियां हुईं सृजित, सदमे में विपक्ष: राजीव
पटना। पिछले 10 महीनों में देश में 1.2 करोड़ नौकरियों के सृजन का दावा करते हुए प्रदेश भाजपा प्रवक्ता सह पूर्व विधायक राजीव रंजन...
महात्मा गांधी की हत्या पर कपूर कमीशन की रिपोर्ट कहां गई!
महात्मा गांधी की शहादत दिवस (30 जनवरी) पर वरिष्ठ IPS अरविन्द पाण्डेय ने हत्या के कारणों की जांच के लिए गठित कपूर कमीशन की...
भोजपुरी फिल्म ‘बलमुआ तोहरे खातिर’ 31 को रिलीज होगी
पटना। अगर आप भोजपुरी में साफ-सुथरी पारिवारिक तथा सामाजिक विषय वस्तु पर आधारित फिल्म देखने के शौकीन हैं तो जल्द ही आपको एक बेहतरीन...
नामवर सिंह- कवि रामेश्वर पांडेय धूमिल के मास्टर साहब !
नामवर सिंह कवि रामेश्वर पांडेय धूमिल के मास्टर साहब थे। नामवर जितना काशीनाथ से स्नेह करते थे, उतना ही धूमिल से। एक बार वे...
अंग्रेजी अर्थव्यवस्था को तबाह करने वाले थे महेंद्र मिसिर
अनूप नारायण सिंह
पटना। अंग्रेजी अर्थव्यवस्था को तबाह करने वाले थे छपरा के महेंद्र मिसिर। उनका जीवन किसी बेहतरीन कहानी की तरह है। एक...




















