प्रमोद प्रेमी की फिल्‍म ‘हम किसी से कम नहीं’ की शूटिंग शुरू

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पटना। भोजपुरी एक्‍टर प्रमोद प्रेमी की भोजपुरी फिल्‍म ‘हम किसी से कम नहीं’ की शूटिंग शुरू हो गयी है। फिल्‍म का निर्माण डिस्‍कवरी फिल्‍म्‍स इंटरनेशनल...
कृषि कानून ठीक है, पर उसमें कुछ खामियां भी हैं। उनको ठीक किया जाना चाहिए, नहीं तो वे नतीजे नहीं निकलेंगे, जो निकलना चाहिए।

कृषि कानून का विरोध और पश्चिम बंगाल का अकाल

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अमरनाथ कृषि कानून के विरोध को पश्चिम बंगाल के अकाल के परिप्रेक्ष्य में देखने की जरूरत है। अकाल में भूख से 30 लाख लोगों...
महात्मा गांधी

महात्मा गांधी हमेशा प्रयोगधर्मी रहे, तरह-तरह के प्रयोग किये

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शेष नारायण सिंह महात्मा गांधी हमेशा प्रयोगधर्मी रहे। तरह-तरह के प्रयोग उन्होंने किये। संवाद स्थापित करने की दिशा में तरह-तरह के प्रयोग महात्मा गांधी...

मोतिहारी में पैदा हुए थे मशहूर विदेशी लेखक जार्ज ओरवेल

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21 जनवरी पुण्यतिथि पर विशेष नवीन शर्मा विश्व साहित्य में अंग्रेजी के प्रसिद्ध उपन्यास 1984 व एनिमल फार्म विशिष्ट स्थान रखते हैं। इन कालजयी किताबों...
ओशो ने कहा था- निंदा रस का धंधा है तुम्हारी पत्रकारिता। पत्रकारों की दृष्टि ही मिथ्या हो जाती है। उनके धंधे का मतलब ही यह है कि जनता जो चाहती है, वह लाओ खोजबीन कर।

ओशो ने प्रवचन में कहा था- निंदा रस का धंधा है तुम्हारी पत्रकारिता 

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ओशो ने प्रवचन में कहा था- निंदा रस का धंधा है तुम्हारी पत्रकारिता। पत्रकारों की दृष्टि ही मिथ्या हो जाती है। उनके धंधे का...

जयंती पर नमनः अदभुत अविस्मरणीय अब्दुल कलाम

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नवीन शर्मा एपीजे अब्दुल कलाम सबसे यूनिक किस्म के राष्ट्रपति थे। रामेश्वर के छोटे से शहर के एक साधारण से मुस्लिम परिवार में जन्में...

पुण्यतिथि पर एपीजे अब्दुल कलाम को सलाम

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नवीन शर्मा एपीजे अब्दुल कलाम सबसे यूनिक किस्म के राष्ट्रपति थे। रामेश्वर के छोटे से शहर के एक साधारण से मुस्लिम परिवार में जन्में...

मलिकाइन के पातीः रांड़ माड़े पर उतान

पांव लागीं मलिकार। कई दिन से राउरा के पाती पठावे के सोचत रहनी हां, बाकिर कवनो मिलते ना रहले हां सन लिखे वाला। आज...

कोर्ट का फैसला कारगर हो पायेगा केजरीवाल के रहते?

सुप्रीम कोर्ट के फैसले को लेकर आम आदमी पार्टी की सरकार चाहे जितने भी दावे करे, लेकिन यह फैसला उलझन बढ़ाने वाला है। मसलन...
जननायक कर्पूरी ठाकुर का आज जन्मदिन है। कर्पूरी ठाकुर सही मायने में जननायक थे। गरीबों-दलितों के उत्थान के लिए उन्होंने जो किया, वह नहीं भूलेगा।

कर्पूरी ठाकुर में जातीय कटुता की कभी धमक नहीं सुनाई दी

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कर्पूरी ठाकुर में जातीय कटुता ने कभी धमक नहीं दी। यहां तक कि आरण लागू करने पर सवर्णों की गालियां उन्होंने सुनीं, पर पलट...