मीडिया की स्वतंत्रता के मामले में भारत की हालत शर्मनाक !
मीडिया के हालात पर वरिष्ठ पत्रकार अनिल भास्कर ने संजीदा टिप्पणी की है। मीडिया की स्वतंत्रता के मामले में भारत की हालत शर्मनाक है।...
जब प्रभात खबर के संपादकीय में कंप्यूटर सीखना अनिवार्य किया
वरिष्ठ पत्रकार ओमप्रकाश अश्क की, संस्मरणों पर आधारित प्रस्तावित पुस्तक- मुन्ना मास्टर बने एडिटर- की धारावाहिक कड़ी लगातार आप पढ़ रहे हैं। इस पर...
सांप्रदायिक सौहार्द समझने के लिए इसे जरूर पढ़िए
शंभूनाथ शुक्ला
सांप्रदायिक सौहार्द समझने के लिए इसे जरूर पढ़िए। सोशल मीडिया ने सदाशयता, सांप्रदायिक सद्भाव और मेल-मिलाप की बजाय समाज में जहर ज्दाया...
इमरजेंसी के दौर को समझने के लिए जेल डायरियां प्रामाणिक स्रोत हैं
हरिवंश
इमरजेंसी के दौर को समझने के लिए कविताएं, गजल आदि तो अहम दस्तावेज हैं हीं, उस दौर में जेल में लिखी गयीं डायरियां...
नरेंद्र मोदी की आलोचना से भी वायरस नहीं मरेगा, पर आपके…!
संजय पाठक
नरेंद्र मोदी के आह्वान पर दीप जलाने से कोरोना का वायरस मरेगा या नहीं, यह उतना ही सच है, जितना यह कि...
ममता बनर्जी को महल नहीं, अपना खपड़ैल घर ही पसंद है
ममता बनर्जी को महल नहीं, अपना टाली बाड़ी (खपड़ैल मकान) ही पसंद है। दो बार केंद्रीय मंत्री और दो बार से बंगाल की वह...
मथाई की पुस्तकों पर से प्रतिबंध हटाने का यह माकूल समय है
मथाई की पुस्तकों पर से प्रतिबंध हटाने का माकूल समय है। मथाई के संस्मरणात्मक पुस्तक में कई बातें हैं, जिन्हें नई पीढ़ी को जानना चाहिए।...
कोरोना! अब तो जब तक जीना है, तेरी शमशीरें और हमारा सीना है
डा. संतोष मानव
कोरोना! अब तो जब तक जीना है, तेरी शमशीरें और हमारा सीना है। 42 घरों वाले इस कवर्ड कैंपस में वीरानगी...
भगवान शिव सबको इतने नीक क्यों लगते हैं?
शिव क्यों नीक लगते हैं? सोचा कभी कि शिव-भक्त क्यों विष्णु-द्रोही होते हैं? सारे असुर, रावण से लेकर! युगों पूर्व शैव तथा वैष्णव झगड़ते...
हिंदी साउथ वाले भी सीखना चाहते हैं, विरोध राजनीतिक है
उमेश चतुर्वेदी
हिंदी साउथ वाले भी सीखना चाहते हैं, विरोध राजनीतिक है। जिस तमिलनाडु में इसका विरोध हो रहा, वहां के नेता भी हिंदी...




















