अनुसंधानपरक आलोचना-दृष्टि का मार्क्सवादी चेहरा : वीर भारत तलवार

0
अमरनाथ वीरभारत तलवार ( 20.9.1947 ) हिन्दी के गंभीर अध्येता, शोधार्थी और आलोचक हैं.  वे चुपचाप अपना काम करने में विश्वास करते हैं. प्रचार...

जयंती पर विशेषः ओशो आधुनिक युग का  विद्रोही संन्यासी

0
नवीन शर्मा आचार्य रजनीश जो बाद में ओशो के नाम से जाने जाते हैं, वे आधुनिक भारत की सबसे चर्चित और और विवादास्पद आध्यात्मिक...

नहाय-खाय के साथ 1 अक्टूबर से तीन दिनों का जितिया पर्व

0
जितिया का पर्व की शुरुआत आश्विन मास के कृष्ण पक्ष की सप्तमी तिथि के नहाए खाए के साथ नौवी तिथि के पारण तक होती...

बेरोजगारी की मार से त्रस्त हैं देशभर के पत्रकार

0
लोकनाथ तिवारी की रे किछू काजेर संधान पेली, छ मास धोरे घोरे बंदी होये पोड़े आची। (क्या रे कोई काम काज खोजा, छह महीने...
मंगला अनुजा पत्रकारिता की अप्रतिम अध्येता हैं। साहित्य का संस्कार मंगला अनुजा को विरासत में मिला। उनके पिता श्री कृष्णहरि पचौरी साहित्यकार थे।

मंगला अनुजा पत्रकारिता की अप्रतिम अध्येता, इनके बारे में जानिए

0
मंगला अनुजा पत्रकारिता की अप्रतिम अध्येता हैं। साहित्य का संस्कार मंगला अनुजा को विरासत में मिला। उनके पिता श्री कृष्णहरि पचौरी साहित्यकार थे। मंगला अनुजा के...

मलिकाइन के पातीः बाप रे, बिहार में बाग के बाग कुलबांसी

0
मलिकाइन के पाती अबकी घसिटउआ मोबाइल पर लिखा के आइल बा। ऊ अपने त ना लिख पवली, बाकिर गांव के कवनो कनिया से लिखवा...
सरयू राय, झारखंड के पूर्व मंत्री, इस बार विधानसभा चुनाव में भाजपा के उम्मीदवार और मुख्यमंत्री रघुवर दास को निर्दलीय प्रत्याशी बन कर हराने वाले, काफी चर्चा में रहे हैं। क्या है उनकी खासियत और कौन-सी है उनमें खूबी कि वे ऐसा करने में कामयाब रहे, आइए जानते हैं।

सरयू राय के बारे में जितना मैंने जाना-समझा, उसे आप भी जानें

0
सरयू राय, झारखंड के पूर्व मंत्री, इस बार विधानसभा चुनाव में भाजपा के उम्मीदवार और मुख्यमंत्री रघुवर दास को निर्दलीय प्रत्याशी बन कर हराने...
वक्त-वक्त की बात है- 2015 की दोस्ती

लालू यादव तो भ्रष्ट साबित हो चुके हैं, फिर भी उनके इतने दीवाने क्यों...

0
जे.एन. ठाकुर लालू यादव के लिए पिछड़ी जाति के लोग काफी मायने रखते हैं। पिछड़ी जाति के लोगों के लिए उन्होंने सामाजिक न्याय का...
सूर्यकांत त्रिपाठी निराला

वासंतिक मौसम के मद्देनजर खास- निराला : एक याद या विषाद!

0
के. विक्रम राव वसन्त पंचमी मतलब वाणी पुत्र कवि निराला की सालगाँठ। कौन सी थी?  बहस अभी जारी रहेगी। निराला किस सदी के थे?...

मलिकाइन के पाती- देवी-देवता के पावर खतम हो गइल का मलिकार!

0
पावं लागीं मलिकार। काल्ह सांझे से मन अइसन छउंछियाइल बा कि भर रात नीन ना आइल। फजीर होत रउरा के पाती लिखवावे बइठ गइल...