चीनी कम खाइए, सेहतमंद रहिए

चीनी कम खाने के क्या हैं फायदे, आप जान लीजिए

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दिल्ली। चीनी कम खाने के कई हैं फायदे हैं। चीनी के अधिक सेवन से कई प्रकार की दीर्घकालीन बीमारियां शरीर में जन्म लेती हैं।...

नवाबी अंदाज में ‘मुगलई’ व ‘लखनवी’ व्यंजनों का तड़का लगेगा इस फूड फेस्टिवल में

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15 दिनों तक चलने वाले 'अवधी फूड फेस्टिवल' की शुरुआत 1 सितम्बर से पटना: राजधानी पटना में पहली बार 'अवधी फूड फेस्टिवल' का आयोजन बड़े...

संकल्प शक्ति का प्रतीक पर्व हरतालिका तीज 12 सितंबर को

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नंदकिशोर सिंह संकल्प शक्ति का प्रतीक और अखंड सौभाग्य की कामना का परम पावन व्रत हरतालिका तीज हिंदू पंचांग के अनुसार भाद्रपद मास के...

जन्मदिन विशेषः खूबसूरती के चितेरे फिल्मकार यश चोपड़ा

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नवीन शर्मा यश चोपड़ा हिंदी फिल्मों में सबसे प्यारी रोमांटिक फिल्में बनाने वाले फिल्मकार थे। इसी वजह से उन्हें किंग्स ऑफ रोमांस कहा जाता...

बंदूक व कलम की जुगलबंदी का नाम है मन्मथनाथ गुप्त

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जयंती पर विशेष नवीन शर्मा आमतौर पर बंदूक व कलम को दो विपरीत ध्रुव मानी जाती हैं। इन दोनों से ही तालमेल बना कर जिस...
राहत पैकेज में कितनी राहत! लाक डाउन-3 के अंत समय में केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने 5.94 लाख करोड़ रुपये के राहत पैकेज-2 का ब्यौरा पेश किया। इसे विस्तार से समझा रहे वरिष्ठ पत्रकार श्याम किशोर चौबे

कोरोना का खतरा- कहीं श्रम सस्ता होगा तो कहीं श्रमिक बंधक बनेंगे

कोरोना का खतरा दिख रहा है। इससे कहीं श्रम सस्ता होगा तो कहीं श्रमिक बंधक बनने को विवश होंगे। कोरोना के कारण लाक डाउन...
परियां नीले वस्त्र पहनती हैं और उनके बाल सुनहले होते हैं। भूमंडल में परियों का अस्तित्व है। परियों को देखने के लिए उम्दा किस्म के कैमरे की जरूरत है।

परियां नीले वस्त्र पहनती हैं और उनके बाल सुनहरे होते हैं

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परियां नीले वस्त्र पहनती हैं और उनके बाल सुनहरे होते हैं। भूमंडल में परियों का अस्तित्व है। परियों को देखने के लिए उम्दा किस्म...

मलिकाइन के पातीः जइसन करनी, ओइसन भरनी

पांव लागीं, मलिकार! विसवास बा कि रउरा नीक-निरोग होखेब। काली माई के रोजे सांझ-सबेरे गोहराइले रउरा खातिर। ए मलिकार, रउरा से एगो बात जाने...
महात्मा गांधी राजनीतिक आजादी के बाद कांग्रेस को समाप्त कर देना चाहते थे। राजकाज के लिए नया संगठन चाहते थे।

महात्मा गांधी  आजादी के बाद कांग्रेस को समाप्त कर देना चाहते थे

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शेष नारायण सिंह महात्मा गांधी राजनीतिक आजादी के बाद कांग्रेस को समाप्त कर देना चाहते थे। राजकाज के लिए नया संगठन चाहते थे। राजनीतिक...
फणीश्वरनाथ रेणु मानवीयता को स्थापित करने के लिए संघर्ष करने वाले लेखक हैं। वे भारतीयता का एक चेहरा हैं। एक अकेली आवाज हैं।

रेणु का उपन्यास ‘मैला आँचल’ जब चम्बल के डाकुओं तक पहुंचा

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भारत यायावर  रेणु का उपन्यास 'मैला आँचल' अपने प्रकाशन के बाद धीरे-धीरे फैलता ही जा रहा था, लेकिन यह चम्बल घाटी में डाकुओं के...