जन्मदिन विशेषः हिंदी सिनेमा के सदाबहार हीरो देव आनंद

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नवीन शर्मा वैसे तो हिंदी सिनेमा में एक से बढ़ कर एक  हैंडसम और स्मार्ट हीरो हुए हैं, लेकिन उनमें सबसे ज्यादा जलवा देव...

कहां गइल मोर गांव रे, बता रहे वरिष्ठ पत्रकार शेषनारायण सिंह

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 शेष नारायण सिंह  1975 में जब मैंने संत तुलसीदास डिग्री  कालेज, कादीपुर (सुल्तानपुर) की प्राध्यापक की नौकरी छोडी थी तो एक महत्वपूर्ण फैक्टर यह...

नैना-नैना एल्बम में दिखेगी अनुष्का और सौरभ की रोमांटिक जोड़ी 

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पटना। बिहारी कलाकारों से सजी नैना-नैना एल्बम जल्द ही दर्शकों को झुमाती नजर आएगी। इस एल्बम के जरिये फिल्मी दुनिया में कदम रख रहे...
पूर्व विदेश मंत्री सुषमा स्वराज को श्रद्धांजलि

सुषमा जी, आप बहुत याद आएंगी, याद आती रहेंगी सहिष्णु नेता बतौर

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जयशंकर गुप्त सुषमा जी, आप बहुत या आएंगी। याद आती रहेंगी, अपनी सहृदयता, असहमति को सम्मान देनेवाले सहिष्णु नेता के तौर पर भी। ओह,...
बेरोजगारी पर बहस नयी नहीं, लेकिन सेन्टर फ़ॉर मॉनिटरिंग इंडियन इकॉनमी (सीएमआईई) की ताजा रिपोर्ट ने बहस को नया जीवन दे दिया है।

आगरा के स्कूली छात्र की करामात, अश्लील फोटो डाली

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अनिल भास्कर आगरा में एक स्कूली छात्र ने अपने सहपाठी की फ़ोटो फेसबुक से निकाली और उसे फोटोशॉप के जरिये अश्लील बनाकर सोशल मीडिया...
हरिवंश, राज्यसभा के उपसभापति

हरिवंश ने अपने दायित्वों का निर्वाह किया, शोध रिपोर्ट में दावा 

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हरिवंश ने राज्यसभा के उपासभापति की हैसियत से कृषि विधेयक पारित करने के दौरान जो कदम उठाया, उसे एक शोध रिपोर्ट में उचित ठहराया...
महात्मा गांधी

महात्मा गांधी ने हर कालखंड में तानाशाही को चुनौती दी

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शेष नारायण सिंह महात्मा गांधी ने हर कालखंड में तानाशाही को चुनौती दी। यह रामबाण की तरह असरदार भी रहा है। गांधीजी ने चंपारण में...

राजेंद्र माथुर मानते थे, लिखना बदलाव की जमीन तैयार करता है

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मिथिलेश कुमार सिंह पिछले कुछ दिनों से प्रभाष जोशी बनाम राजेंद्र माथुर पर बड़ी गंभीर  चर्चा में अपने कुछ साथी मसरूफ हैं। किसी को...
हरिवंश, राज्यसभा के उपसभापति

हरिवंश जी ने जब खुशी-खुशी विदा किया प्रभात खबर से

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हरिबंश नारायण सिंह उर्फ पत्रकार से राज्यसभा के उपसभापति कर तक सफर करने वाले हरिवंश जी के बारे में इतना कुछ मित्रों ने लिखा...
फणीश्वरनाथ रेणु का कथा संसार दो भिन्न भारतीय स्‍वरूपों के बीच खड़ा है। प्रेमचंद के बाद फणीश्‍वर नाथ रेणु को आंचलिक कथाकार माना गया है।

साहित्य अकादेमी पर फणीश्वरनाथ रेणु के विचार जानिए! 

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भारत यायावर  साहित्य अकादेमी पर फणीश्वरनाथ रेणु के स्पष्ट विचार थे। 1973 में साहित्य अकादेमी का उन्हें सदस्य बनाया गया था। उन्होंने अनुभव के...