जयंती पर विशेषः फिल्मों के आलराउंडर खिलाड़ी विजय आनंद

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नवीन शर्मा विजय आनंद को हिंदी सिनेमा का हरफनमौला खिलाड़ी कहना ज्यादा सही रहेगा। वे बेहतरीन निर्देशक थे, संवेदनशील अभिनेता भी थे। इसके साथ-साथ वे लेखक और अच्छे...
पं. अच्युतानंद मिश्र जब ‘जनसत्ता’ के संपादक थे तो वे महाश्वेता देवी से स्तंभ लिखवाते थे। महाश्वेता जी बांग्ला में लिखकर देतीं।

पं. अच्युतानंद मिश्र, जनसत्ता और महाश्वेता देवी का स्तंभ

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कृपाशंकर चौबे पं. अच्युतानंद मिश्र जब ‘जनसत्ता’ के संपादक थे तो वे महाश्वेता देवी से स्तंभ लिखवाते थे। महाश्वेता जी बांग्ला में लिखकर देतीं।...
दिवंगत पूर्व सांसद ए.के. राय

राजनीति में आसान नहीं है कामरेड ए.के. राय बनना

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राजनीति में आसान नहीं है ए.के. राय बनना। दो दिनों पहले कामरेड एके राय का निधन हो गया। तकरीबन साढ़े आठ दशक के जीवन...
गांव की संस्मरण कथा की शृंखला शुरू की है वरिष्ठ पत्रकार और साहित्यकार अरविंद चतुर्वेद ने। गांव की संस्मरण कथा की एक कड़ी आप पढ़ चुके हैं।

गांव की संस्मरण कथा- सूरजमुखी के पीछे तितली और टोकरी में इन्द्रधनुष

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गांव की संस्मरण कथा की शृंखला शुरू की है वरिष्ठ पत्रकार और साहित्यकार अरविंद चतुर्वेद ने। गांव की संस्मरण कथा की एक कड़ी आप...

पाकिस्तान के पंजाब प्रांत में रेप की घटनाओं को ले आपातकाल

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के. विक्रम राव इस्लामी पाकिस्तान के पंजाब प्रांत में सोमवार (20 जून 2022) से आपातकाल का ऐलान हो गया है।  कारण : वहां बलात्कार...
आलोक तोमर अपनी पत्नी को बेहद प्यार करते थे। शादी से पहले सुप्रिया के प्रति उनके प्रेम के कई किस्से हैं। आलोक तोमर के ऐसे किस्से सामने आये हैं।

आलोक तोमर की याद: अब यहॉं कोई नहीं है, सिर्फ पत्ते डोलते हैं

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आलोक तोमर ने इंडियन एक्सप्रेस घराने के अखबार जनसत्ता के शुरुआती दिनों में अपनी रिपोर्ट से धमाल मचा दिया था। खासकर सिख दंगों की...
सरकारी सेवाओं से मातृभाषाओं खासकर हिन्दी की विदाई होने लगी है। जाहिर है कि ऐसी स्थिति में हिन्दी के प्रति छात्रों का आकर्षण घटेगा। नौकरी न मिले तो फिर हिन्दी कोई पढ़े क्यों।

हिन्दी पढ़कर कोई करेगा क्या, रोजी-रोटी तो मिलने से रही

संजय कुमार सिंह हिन्दी पढ़कर कोई करेगा क्या, रोजी-रोटी तो मिलने से रही। वैसे तो मैंने हिन्दी नहीं पढ़ी और विज्ञान का छात्र रहा...
फणीश्वरनाथ रेणु का कथा संसार दो भिन्न भारतीय स्‍वरूपों के बीच खड़ा है। प्रेमचंद के बाद फणीश्‍वर नाथ रेणु को आंचलिक कथाकार माना गया है।

फणीश्वर नाथ रेणु ने कथा की अलग प्रणाली विकसित की

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फणीश्वर नाथ रेणु कथा की नैरेटिव या आख्यानक पद्धति के साथ नाटकीयता का समन्वय कर विरासत को कायम रखते हुए कथा की अलग प्रणाली...
रवींद्र नाथ टैगोर

शक्ति चाहे किसी भी रूप में हो विवेकहीन होती हैः रवींद्रनाथ ठाकुर

शक्ति चाहे किसी भी रूप में हो विवेकहीन होती है। कविगुरु रवींद्रनाथ ठाकुर ने 12 अप्रैल 1919 को महात्मा गांधी को लिखे पत्र में...

मैथिली ठाकुर के गीत 99 साल तक रेडियो पर सुनाई देंगे

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अनूप नारायण सिंह पटना। सोशल मीडिया पर एक दुबली-पतली लड़की मैथिली गीत लाइव गा रही थी। अपना मैथिली से कोई खास वास्ता नहीं, फिर...