साहित्यकारों में आपसी सौहार्द का प्रतीक है, अज्ञेय व रेणु का संबंध
साहित्यकारों में आपसी सौहार्द्र का प्रतीक है, अज्ञेय और रेणु का यह संबंध। फणीश्वर नाथ रेणु के प्रति अज्ञेय के मन में काफी सम्मान...
जन्मदिन पर विशेषः संभावनाओं से भरपूर अभिनेत्री कोंकणा सेन शर्मा
नवीन शर्मा
कोंकणा सेन शर्मा नैन नक्श से भले ही साधारण दिखती हों पर वे असाधारण क्षमताओं से भरपूर अभिनेत्री हैं। उन्हें दो...
आत्मनिर्भर भारत बरक्स सांसदों के दत्तक गांव
आत्मनिर्भर भारत बरक्स सांसदों के दत्तक गांव। कोरोना काल में प्रदानमंत्री नरेंद्र मोदी की सांसदों द्वारा गांव गोद लेने की महत्कांक्षी योजना आकलन का...
पत्रकारिता यह है, जो ‘इंडियन एक्सप्रेस’ के संतोष सिंह ने की है
सुरेंद्र किशोर
पत्रकारिता इसे कहते हैं, जो ‘इंडियन एक्सप्रेस’ के संतोष सिंह ने की है। इंडियन एक्सप्रेस के पत्रकार ने बिहार में कोविड जांच घोटाला...
रणेन्द्र के उपन्यास- गूंगी रुलाई का कोरस- में भारत की साझा संस्कृति
अमरनाथ
रणेन्द्र के उपन्यास- गूंगी रुलाई का कोरस- को पढ़कर पूरा किया। उपन्याकस ने मन मस्तिष्क पर धाक जमा लिया है। इसमें भारत की...
बहुत घूमे संसार में, एक बार ठहर कर देखें बिहार मेंः प्रमोद कुमार
पटना। मलेशिया और बिहार की सांस्कृतिक एकता को प्रदर्शित करने एवं राज्य के पर्यटन स्थलों को बढ़ावा देने के उद्देश्य से बिहार के पर्यटन...
राष्ट्रद्रोह पर 1962 में सुप्रीम कोर्ट का एक महत्वपूर्ण निर्णय
राष्ट्रद्रोह पर 1962 में सुप्रीम कोर्ट का एक महत्पूर्ण निर्णय आया था, जिसमें कहा गया कि राष्ट्रद्रोह उसे माना जाएगा, जिससे समाज में हिंसा...
आचार्य नरेन्द्र देव जैसे स्वतंत्रता सेनानियों की राजनीतिक नैतिकता
आचार्य नरेन्द्र देव जैसे स्वतंत्रता सेनानियों की राजनीतिक नैतिकता का दिलचस्प उदाहरण है। हालांकि नयी पीढ़ी के राजनीतिज्ञों को वह नहीं पचेगी। लेकिन नई...
मुगल-ए-आजम भारतीय सिनेमा की पेशानी पर लिखी गई इबारत
मृत्युंजय
मुगल-ए-आजम वह फिल्म थी, जो सबके सर चढ़ कर बोली थी। साठ साल पहले। सन साठ में। महीना था अगस्त। तारीख थी पांच।...
पत्रकारिता के एक सूर्य का अस्त हो जाना यानी राजनाथ सिंह का जाना
पत्रकारिता के एक सूर्य का अस्त हो जाना यानी राजनाथ सिंह का जाना। उनके निधन पर पत्रकारिता से सरोकार रखने वाले दुखी हैं तो...




















