RJD सवर्णों को साधने में जुटा, भूराबाल से किया किनारा
पटना। बिहार फिलहाल दलित-पिछड़े और सवर्ण राजनीति के घनचक्कर में फंसा है। दलितों के प्रति लगभग सभी दलों का झुकाव हाल के दिनों में...
राम मनोहर लोहिया विश्व पत्रकारिता पर सजग दृष्टि रखते थे
कृपाशंकर चौबे
राम मनोहर लोहिया ऐसे राजनेता थे, जिन्होंने समाजवाद की स्थापना के अपने लक्ष्य को हासिल करने के लिए पत्रकारिता को भी उपकरण...
हरी चीटियाँ जहाँ सपने देखती हैं- फिल्म का संदेश तो समझें
नारायण सिंह
हरी चीटियाँ जहाँ सपने देखती हैं (Where the Green Ants Dream) पश्चिम जर्मनी के वर्नर हरिजोग (Werner Herzog) की यह चर्चित फिल्म...
मध्यप्रदेशः भाजपा की जीत के दावे में लोचे भी कम नहीं हैं
भोपाल से बब्बन सिंह
खेती-किसानी के मोर्चे पर मिली शुरुआती बढ़त ही शिवराज के लिए अंतिम दो साल से काल बन रही है। राज्य...
चीन को सीमा से ही नहीं, सीने से भी बाहर करना होगा भारत को
चीन को सीमा से ही नहीं, सीने से भी बाहर करना होगा। अभी समय है। यह नहीं हुआ तो ईस्ट इंडिया कम्पनी की तरह...
हालात नहीं सुधरे तो बिहार में कांग्रेस के लिए मुश्किलः गहलोत
पटना। कांग्रेस के महासचिव अशोक गहलोत गुरुवार को पटना में थे। उन्होंने बीमार चल रहे लालू प्रसाद से मुलाकात के बाद बिहार प्रदेश कांग्रेस...
वीपी सिंह को याद करते हुएः राजा नहीं, फकीर है
वीपी सिंह एक ऐसे प्रधानमंत्री और नेता थे, जिनके लिए लोगों ने ये नारा लगाया- राजा नहीं फ़क़ीर है- भारत की तक़दीर है! वर्तमान...
दंगा रोकने निकले पत्रकार गणेश शंकर विद्यार्थी का मिला था शव
जयंती पर विशेष
नवीन शर्मा
कलम की ताकत क्या होती है और निडर और निष्पक्ष पत्रकारिता किस तरह की जा सकती है, इसकी प्रेरणा हम...
रणेन्द्र के उपन्यास- गूंगी रुलाई का कोरस- में भारत की साझा संस्कृति
अमरनाथ
रणेन्द्र के उपन्यास- गूंगी रुलाई का कोरस- को पढ़कर पूरा किया। उपन्याकस ने मन मस्तिष्क पर धाक जमा लिया है। इसमें भारत की...
कोरोना! अब तो जब तक जीना है, तेरी शमशीरें और हमारा सीना है
डा. संतोष मानव
कोरोना! अब तो जब तक जीना है, तेरी शमशीरें और हमारा सीना है। 42 घरों वाले इस कवर्ड कैंपस में वीरानगी...




















