ट्रेनों की लेटलतीफी पर रेल मंत्री का नया शिगूफा
बैलगाड़ियों के भारी लेट चलने और उससे सरकार को फजीहत से बचाने के
लिए अब रेल मंत्री पीयूष गोयल ने नया पैंतरा चला है कि मरम्मत...
दू आंख से सरकार ना चलेले ए सुशासन बाबू!
पावं लागी मलिकार। रउरा त मने मन रिसियाइल-खिसियाइल होखेब कि केतना दिन से हम रउरा के पाती ना पठवनी। सांच के आंच कइसन। रउरा...
हिंदी पत्रकारिता के पितामह गणेश शंकर विद्यार्थी ने दी थी सीख
प्रवीण बागी
हिंदी पत्रकारिता के पितामह गणेश शंकर विद्यार्थी ने अपने अखबार प्रताप के पहले अंक में पत्रकारिता की अवधारणा प्रस्तुत की थी। वह...
इमरजेंसी के दौर को समझने के लिए जेल डायरियां प्रामाणिक स्रोत हैं
हरिवंश
इमरजेंसी के दौर को समझने के लिए कविताएं, गजल आदि तो अहम दस्तावेज हैं हीं, उस दौर में जेल में लिखी गयीं डायरियां...
सईदा खान की ट्रेजिडी भरी दास्तां सुन रूह कांप जाती है
वीर विनोद छाबड़ा
सईदा खान की ट्रेजिडी भरी दास्तां सुन कर रूह कांप जाती है। साठ के सालों में एक्ट्रेस होती थीं, सईदा ख़ान।...
गुलजारी लाल नंदा को तो नयी पीढ़ी अब भूल ही गयी होगी !
गुलजारी लाल नंदा को तो नयी पीढ़ी अब भूल ही गयी होगी। देश में दो ऐसे मौके आये, जब उन्हें कार्यवाहक प्रधानमंत्री का दायित्व...
अंग्रेजी अर्थव्यवस्था को तबाह करने वाले थे महेंद्र मिसिर
अनूप नारायण सिंह
पटना। अंग्रेजी अर्थव्यवस्था को तबाह करने वाले थे छपरा के महेंद्र मिसिर। उनका जीवन किसी बेहतरीन कहानी की तरह है। एक...
पितृपक्ष में कुश की तलाश और इसी बहाने जानें उसका महत्व
कल से पितृ पक्ष है। पितरों का तर्पण कल से शुरू होगा। पितृपक्ष में कुश की जरूरत पड़ती है। शहरों में संकट है। जल्दी...
मोरारजी देसाई सीएम से पीएम तक रहे, पर घर नहीं बनवा सके
सुरेंद्र किशोर
मोरारजी देसाई सीएम से पीएम तक रहे, पर अपने लिए कोई मकान तक नहीं बनवाया। अंतिम दिनों में वे किराए के मकान में...
हिन्दी ग्रेजुएट को हरिवंश जी ने बिजनेस अखबार का प्रभारी बना दिया
पत्रकार ओमप्रकाश अश्क की प्रस्तावित पुस्तक- मुन्ना मास्टर बने एडिटर- की अगली कड़ी पढ़ें। कल आपने पढ़ा कि वह जनसत्ता छोड़ प्रभात खबर समूह...




















