बाबू कुँवर सिंह तेगवा बहादुर के विजयोत्सव को याद करने का दिन
सुरेंद्र किशोर
बाबू कुँवर सिंह तेगवा बहादुर के विजयोत्सव का याद करने का दिन है 23 अप्रैल। वीर कुंवर सिंह के विजय की अनकही-अनसुनी...
अच्युतानंद मिश्र का हिन्दी पत्रकारिता में अवदान असाधारण है
कृपाशंकर चौबे
अच्युतानंद मिश्र का हिंदी पत्रकारिता में पिछले पांच दशकों का अवदान असाधारण है। इस दौरान हिन्दी पत्रकारिता में उनकी धाक और साख...
मुंबई पुलिस कहां सोई थी, अब पकड़े जा रहे नशे के बड़े सौदागर
सुरेंद्र किशोर
मुंबई की स्काटलैंड पुलिस अब तक कहां थी! केंद्र सरकार के नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो (एन.सी.बी.) के दस्ते इन दिनों मुंबई में प्रभावशाली...
सुषमा जी, आप बहुत याद आएंगी, याद आती रहेंगी सहिष्णु नेता बतौर
जयशंकर गुप्त
सुषमा जी, आप बहुत या आएंगी। याद आती रहेंगी, अपनी सहृदयता, असहमति को सम्मान देनेवाले सहिष्णु नेता के तौर पर भी। ओह,...
एयर फोर्स की छोड़ फिल्मों में आए थे रहमान
नवीन शर्मा
एयर फोर्स की छोड़ फिल्मों में आए थे रहमान। आप लोगों में से कई लोगों को लता मंगेशकर का गाया गीत- ना...
राज्यसभा नहीं, वरन भारत रत्न के लायक हैं रंजन गोगोई !
राज्यसभा नहीं, वरन भारत रत्न के लायक हैं रंजन गोगोई ! सुप्रीम कोर्ट के अवकाश प्राप्त चीफ जस्टिस को भाजपा ने राज्यसभा के लिए...
सुषमा स्वराज जी का 1996 का वह भाषण भुलाये नहीं भूलता
सुषमा स्वराज ने यह भाषण संसद में तब दिया था, जब 1996 में अटल बिहारी वाजपेयी की सरकार गिरी और प्रधानमंत्री पद से उन्हें...
जयपाल सिंह मुंडा के बारे में जानें, आदिवासी नायकों की मजबूत कड़ी थे
विशद कुमार
जयपाल सिंह मुंडा को भारतीय जनजातियों और झारखंड आंदोलन की पहली ईंट और आदिवासी नायकों के तौर पर देखा जाता है। उन्हें...
प्रवासी मजदूरों को बीच मंझधार में छोड़ना महंगा पड़ेगा
पल्लवी प्रकाश
प्रवासी मजदूरों को बीच मंझधार में जिस तरह से सबने छोड़ दिया गया है, वह हम सबको बहुत महंगा पड़ेगा। उनके यागदान...
बहुत हुई मंहगाई की मार, अब तो बख्श दीजिए सरकार !
श्याम किशोर चौबे
‘बहुत हुई मंहगाई की मार, अबकी बार मोदी सरकार।।’ नारे पर रीझे भारतीय जनमानस को शायद अब पेट्रोल-डीजल सहित अन्य उपभोक्ता...




















